जानिए क्यों इंग्लैंड के इस खिलाड़ी के नाम पर भारत में रणजी ट्रॉफी खेली जाती है!

क्रिकेट की बात करें तो इसका क्रेज पूरी दुनिया में बाकी खेलों के मुताबिक ज्यादा है। लेकिन आप जानते हैं कि भारत में खेला जाने वाला राष्ट्रीय क्रिकेट चैंपियनशिप रणजी ट्रॉफी के रूप में क्यों जाना जाता है। तो चलिए आज जानते हैं, भारत में जन्मे रणजीत सिंह 16 साल की उम्र में पढ़ाई करने के लिए इंग्लैंड चले गए। उन्हें फुटबॉल, टेनिस जैसे खेल पसंद थे, लेकिन इंग्लैंड में क्रिकेट का क्रेज देखते हुए उन्होंने क्रिकेट खेलना शुरू कर दिया।

रणजीत सिंह ने इंग्लैंड के लिए 15 टेस्ट मैच खेले, जिसमें 2 शतक और 6 अर्द्धशतक के साथ 989 रन बनाए। उनका उच्चतम स्कोर 175 रन था। इसके साथ, रणजी अपने पहले टेस्ट में अर्धशतक और दूसरी पारी में शतक बनाने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बन गए।

रणजीत सिंह उर्फ ​​रणजी ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 56.37 के औसत से 307 मैचों में 24692 रन बनाए, जिसमें 109 अर्द्धशतक और 72 शतक शामिल हैं। उनका उच्चतम स्कोर 285 रन था। इसके साथ ही उन्होंने 133 विकेट भी लिए हैं। उन्होंने पहली पारी में 100 और यॉर्कशायर के खिलाफ दूसरी पारी में नाबाद 125 रन बनाए, जो इंग्लिश शहर होवे में सफलताओं के लिए खेल रहा था। इंग्लैंड में रणजी के बल्ले का खूब इस्तेमाल किया गया और भारत में उनकी प्रशंसा हुई।

Related News

Leave a Comment